डीएम ने नगर पालिका लहरपुर का किया औचक निरीक्षण, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश

सीतापुर। जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर. ने शनिवार को नगर पालिका परिषद लहरपुर का औचक निरीक्षण कर विभिन्न विभागों की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने लेखा अनुभाग, निर्माण अधिष्ठान कक्ष, जन्म व मृत्यु प्रमाण-पत्र कक्ष, आईजीआरएस कक्ष, जलकल विभाग सहित अन्य कार्यालयों का अवलोकन किया।
जिलाधिकारी ने लेखा अनुभाग में कैशबुक की जांच करते हुए वार्डों में कराई जा रही साफ-सफाई की जानकारी ली तथा नगर क्षेत्र से अवैध अतिक्रमण हटाने के निर्देश अधिशासी अधिकारी को दिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप संचालित योजनाओं का लाभ आमजन तक हर हाल में पहुंचना चाहिए।
निर्माण अधिष्ठान कक्ष में नाली निर्माण सहित अन्य कार्यों की पत्रावलियों का निरीक्षण किया गया। इसमें कमियां मिलने और जल निकासी योजना का कार्य पूर्ण न होने पर अधिशासी अधिकारी नगर पालिका लहरपुर से स्पष्टीकरण तलब करने के साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि देने तथा पटल बाबू मुशीर अहमद को चेतावनी पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने नगरीय झीलों और तालाबों से संबंधित पत्रावलियों का भी अवलोकन किया। कार्य समय पर पूरा न होने पर संबंधित ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने के निर्देश दिए गए। जन्म एवं मृत्यु प्रमाण-पत्र तथा आईजीआरएस कक्ष का निरीक्षण करते हुए उन्होंने आवेदकों से बातचीत कर फीडबैक लिया और प्रमाण-पत्रों की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए सुधार के निर्देश दिए।
दाखिल-खारिज कक्ष में दो वर्षों से लंबित फाइलें मिलने पर पटल बाबू मो. हानिश को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी करने के निर्देश दिए गए। वहीं जलकल विभाग में अनियमितताएं मिलने पर पटल बाबू मुजफ्फर हुसैन को नोटिस जारी करने को कहा गया।
इसके अलावा जिलाधिकारी ने मलिन बस्तियों और काशीराम कॉलोनी की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि काशीराम कॉलोनी में कुल लगभग 380 आवास हैं, जिनमें से 60 का आवंटन अभी नहीं हुआ है। अधिशासी अधिकारी को डूडा से समन्वय स्थापित कर सर्वे कराने और पात्र व्यक्तियों को आवंटन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पानी की टंकियों की नियमित सफाई कराने को भी कहा।
निरीक्षण के उपरांत जिलाधिकारी ने मोहल्ला ठठेरी टोला पश्चिमी में आरसीसी व इंटरलॉकिंग सड़क निर्माण कार्यों तथा कान्हा गौशाला के निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।




