मध्यप्रदेश
Neemuch News: खुद की परवाह किए बगैर बचाई 20 बच्चों की जान, मधुमक्खियों से मासूमों को बचाते-बचाते हुई मौत


मध्यप्रदेश के नीमच जिले में एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसमें आंगनवाड़ी केंद्र पर काम करने वाली महिला ने खुद की जान की परवाह न करते हुए मधुमक्खियों से 20 बच्चों की जान बचाई। मधुमक्खियां कंचनबाई मेघवाल को डंक मारती रहीं, लेकिन उन्होंने खुद की परवाह न करते हुए बच्चों की जान बचाई। मधुमक्खियों से बच्चों को बचाने में रसोइया की जान चली गई है।
पति को पैरालिसिस, घर संभाल रही थीं
स्थानीय ग्रामीणों ने कहा- कंचन बाई आंगनबाड़ी में खाना बनाने वाले ‘जय माता दी स्व-सहायता समूह’ की अध्यक्ष थीं। वे खुद भी बच्चों के लिए खाना बनाने का काम करती थीं। उनके पति शिवलाल को पैरालिसिस है। ऐसे में घर का सारा बोझ कंचन बाई के कंधों पर ही था। दंपती का एक बेटा और दो बेटियां हैं।
प्रशासन से लगाई मदद करने की गुहार
ग्रामीण अब आंगनबाड़ी के पास जाने से भी कतरा रहे हैं, क्योंकि वहां लगे पेड़ पर मधुमक्खियों का छत्ता है। जबकि आंगनबाड़ी में लगा एकमात्र हैंडपंप ही गांवभर के लिए पानी का जरिया है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस छत्ते को तुरंत हटाया जाए ताकि और कोई हादसा न हो। साथ ही कंचन बाई के परिवार की आर्थिक मदद करने की गुहार भी लगाई है।